'बुखार वाली गोली' से लिवर-किडनी को खतरा! गपागप खा रहे लोग, खाने से पहले ये ज़रूर जान लो
हम में से बहुत लोग ऐसे हैं जो हल्का बुखार हो, बदन में दर्द हो या थोड़ा सिर भारी लगे — फट से पैरासिटामोल की गोली ले लेते हैं।
ना डॉक्टर से पूछते हैं, ना सोचते हैं कि क्या सच में ज़रूरत है।
बस — एक गोली खाओ और आगे बढ़ो।
लेकिन क्या आप जानते हैं? यही आदत धीरे-धीरे आपके लिवर और किडनी को बर्बाद कर सकती है।
पैरासिटामोल: हर घर में लेकिन सबसे गलत इस्तेमाल की जाने वाली दवा
ये दवा बेशक बुखार और दर्द में काम आती है। पर ये कोई च्युइंगम नहीं है जो जब चाहा तब खा लिया।
इसका ज़्यादा या गलत इस्तेमाल करने से सीधा असर आपके लिवर पर पड़ता है। और अगर आपको पहले से ही लिवर या किडनी से जुड़ी कोई प्रॉब्लम है, तो ये और भी ज़्यादा खतरनाक हो सकता है।
🤒 लोग क्या कर रहे हैं?
– बिना जांच कराए 3-4 दिन से पैरासिटामोल खा रहे हैं
– बुखार उतरा नहीं तो बार-बार गोली बदल-बदल कर ले रहे हैं
– बच्चों को भी बिना डॉक्टर के कहे दे रहे हैं
– शराब पीने के बाद भी आराम से खा रहे हैं
और फिर जब उल्टी, थकान, या स्किन पर पीलापन दिखता है, तब समझ आता है कि कुछ गड़बड़ है।
❗️सच जानिए – ये संकेत हल्के में मत लीजिए
अगर आप ज़्यादा बार या लंबे समय तक पैरासिटामोल ले रहे हैं, तो ये लक्षण दिख सकते हैं:
– मिचली आना
– बहुत थकान लगना
– पेट के ऊपर वाले हिस्से में दर्द
– भूख न लगना
– आंखों या स्किन पर पीलापन (पीलिया)
ये सब आपके लिवर डैमेज के संकेत हो सकते हैं। देर करने पर हालत सीरियस हो जाती है।
✅ अब क्या करें?
– जब तक बहुत ज़रूरत न हो, पैरासिटामोल न लें
– दिन में 3–4 टैबलेट से ज़्यादा बिल्कुल नहीं
– अगर 2–3 दिन में आराम नहीं मिल रहा, डॉक्टर को दिखाएं
– बच्चों, बुज़ुर्गों और प्रेग्नेंट महिलाओं को बिना सलाह दवा न दें
– शराब पीने के बाद पैरासिटामोल लेना खासकर जानलेवा हो सकता है
❤️ अपनों से कहिए – गोली तभी खाओ जब ज़रूरत हो
हम अक्सर दूसरों की तबीयत को लेकर बहुत फिक्रमंद रहते हैं, लेकिन जब बात खुद की आती है, तो लापरवाही कर बैठते हैं।
हर बार गोली खाना कोई बहादुरी नहीं है।
कभी-कभी थोड़ा रुकना, जांच कराना, और सही समय पर डॉक्टर से मिलना ही असली समझदारी है।
तो अगली बार जब हाथ अपने-आप पैरासिटामोल की स्ट्रिप की तरफ बढ़े — एक बार सोचिए, क्या ये वाकई ज़रूरी है?
